बजरंग की जय! योगेश्वर अकादमी की जय जयकार!!

राजेंद्र सजवान
कभी दिल्ली को भारतीय कुश्ती का गढ़ माना जाता था लेकिन अब दूध घी के प्रदेश हरियाणा ने यह सम्मान झटक लिया है| यह प्रदेश अब पहलवानों की फसल उगाने मे नंबर एक हो गया है| 28 मार्च,2017 को जब सोनीपत के भगवान प्रशुराम इंजीनियरिंग कॉलेज मे योगेश्वर दत कुश्ती अकादमी की शुरुआत हुई तो हरियाणा की कुश्ती मे गजब का उछाल आया| ऐसा स्वाभाविक भी था| योगेश्वर दत, बजरंग पूनिया और द्रोणाचार्य रामफल जैसे नाम एक अखाड़े से जुड़ जाएँ तो उस अखाड़े की कीर्ति क अनुमान आसानी से लगाया जा सकता है|

तारीफ की बात यह है कि योगेश्वर दत अकादमी को शुरू हुए अभी दो साल भी नहीं हुए हैं किंतु योगेश्वर और बजरंग के अर्जुन एवम् पदंश्री अवॉर्ड और गुरु रामफल का द्रोणाचार्य अवॉर्ड अकादमी की उपलब्धियों को चार चाँद लगा रहे हैं| जे एस डब्ल्यू द्वारा अकादमी को आर्थिक सहायता प्राप्त है| कोच रामफल,योगेश्वर, संजय आंतिल, संजयमलिक, और नरेंद्र दलाल की टीम 200 उभरते पहलवानों को सिखा-पढ़ा रही है| सुशील, योगेश्वर और दर्जनों अंतरराष्ट्रीय पहलवानों को गुर सिखाने वाले कोच रामफल मानते हैं कि तीन साल बाद योगेश्वर की अकादमी सोना बरसाने लगेगी| फिलहाल दुनिया का नंबर एक पहलवान, एशियाड,कामनवेल्थ का स्वर्ण विजेता और हाल ही मे राष्ट्रपति द्वारा पद्मश्री से सम्मानित बजरंग पूनिया के दम पर अकादमी का झंडा बुलंद है|

बजरंग ने कुश्ती का हर सम्मान और पदक हासिल किया है और अब टोक्यो ओलंपिक मे पदक जीतकर देश का नाम रोशन करना चाहता है| योगेश्वर मानते हैं कि बजरंग मे चैम्पियन पहलवान के सभी गुण हैं और यदि देशवासियों का आशीर्वाद मिला तो ओलंपिक मे स्वर्ण भी जीत सकता है| तारीफ़ की बात यहा है कि खुद योगी भी 65 किलो भर वर्ग के पहलवान हैं और उन्होने बजरंग की खातिर कुश्ती से सन्यास लिया है| अब योगी, रामफल, अन्य कोच और सभी उभरते पहलवान बस बजरंग की कामयाबी के साथ जी रहे हैं और उसे ओलंपिक चैम्पियन के रूप मे देखना चाहते हैं|

भारतीय कुश्ती फेडरेशन केअध्यक्ष सांसद ब्रज भूषण शरण सिंह मानते हैं कि योगेश्वर की तरह बजरंग भी सीधा, सच्चा और गुणवान पहलवान है| भारतीय कुश्ती के सबसे सफलतम कोच और गुरु हनुमान अखाड़े के संचालक राज सिंह सुशील और योगेश्वर के बाद बजरंग को चैम्पियन पहलवान बताते हैं| उनके अनुसार बजरंग की टक्कर का दूसरा कोई पहलवान फिलहाल नज़र नहीं आता| द्रोणाचार्य जगमिंदर, महासिंह राव, कुलदीप मलिक आदि भी उसके प्रशंसकों मे शामिल हैं|

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.