कभी स्टार खिलाड़ियों की भरमार थी!

राजेन्द्र सजवान

भले ही देश की फुटबाल फेडरेशन कितने भी दावे करे पर पूरा ताम झाम कप्तान सुनील छेत्री के इर्द गिर्द घूम रहा है। उसके बिना टीम को मैदान में उतारने के बारे में कोई सोच भी नहीं सकता। तर्क दिया जा सकता है कि कतर के विरुद्ध उसके बिना खेले और मुकाबला ड्रा रहा। लेकिन भारतीय फुटबाल ने एक ऐसा युग भी जिया है जब उसके पास स्टार खिलाड़ियों की भरमार थी।वह ऐसा समय था जब राष्ट्रीय टीम में स्थान बनाने के लिए एक पोजिशन के कई कई दावेदार होते थे। यही स्थिति क्लब स्तरीय फुटबाल में थी। ईस्ट बंगाल, मोहन बागान, मोहम्मडन स्पोर्टिंग जैसे क्लबों की अंतिम इलेवन में जगह बनाना आसान नहीं था। आज की भारतीय राष्ट्रीय टीम पर नजर डालें तो दो चार खिलाड़ियों को छोड़ ज्यादातर के नाम भी कम लोग जानते हैं। यह ठीक है कि फुटबाल या किसी भी टीम गेम में सभी खिलाड़ियों का योगदान होता है।

लेकिन हमारी फुटबाल का दुर्भाग्य रहा है कि पिछले तीस सालों में स्टार कहे जाने वाले खिलाड़ी ज्यादा नहीं हुए। 1951 और 1962 के एशियाड गोल्ड जीतने वाली टीमों में तमाम खिलाड़ी बहुचर्चित थे। मेवा लाल, चुन्नी गोस्वामी, पीके बनर्जी, बलराम, पीटर थंग राजन,जरनैल सिंह, इंदर सिंह, मगन सिंह, सुरजीत सेनगुप्ता, प्रसुनबनर्जी, हबीब, हरजिंदर, परमिंदर और दर्जनों अन्य खिलाड़ियों ने अपने खेल का लोहा मनवाया। बाद के सालों में विजयन, भूटिया और अब एकमात्र छेत्री भरोसे के खिलाड़ी रहे। हैरानी वाली बात यह है कि देश में फुटबॉल का कारोबार करने वाले बड़े बड़े दावे कर रहे हैं। कहा जा रहा है कि फुटबाल सुधर रही है और बांग्लादेश जैसे अदना देश के विरुद्ध बमुश्किल जान बचाने वाली टीम से सहानुभूति दिखाई जा रही है। लेकिन क्यों? कतार से बराबर खेले क्योकि कभी कभार ऐसा हो जाता है पर बार बार ऐसे नतीजे देखने को नहीं मिलते।

बेशक, भारतीय फुटबाल को छेत्री का विकल्प खोजना होगा, जोकि फिलहाल नजर नहीं आ रहा। वैसे भी टीम में स्टार खिलाड़ियों की भारी कमी है और हमारा एकमात्र स्टार बढ़ती उम्र के दबाव को हमेशा नहीं झेल सकता। ऐसे खिलाड़ी भी नजर नहीं आ रहे जो छेत्री की कमी को पूरा कर सकें। अतः भारतीय फुटबाल के नाम पर कुर्सियां कब्जाने वाले और झूठ परोसने वालों को सावधान रहना होगा। टीम का प्रदर्शन गिरा तो उनकी बादशाहत भी जाती रहेगी।

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.